पवनमुक्तासन योग पेट की गैस और दर्द को करे दूर

0

पवन मुक्तासन को अंग्रेजी में Gas Release pose कहते हैं।  नाम से ही पता चलता है की यह हवा (गैस) निकालने वाला योगासन है। ज्यादातर बीमारिया हमारे पेट में हो रही गैस और कब्ज के कारन होता है। अक्सर जब हमारा पाचन तंत्र सही तरीके से काम नहीं करता या फिर आधा पका खाना कहते है तो हमारे पेट में यह समस्या आती है। अपाचन, गैस, कब्ज की बीमारी को दूर करने के लिए पवनमुक्तासन योग बहुत फायदेमंद होता है। इस योगासन में ज्यादा जोर हमारे पेट पर पड़ता है। Pawanmuktasana के नियमित अभ्यास से आंत्र आंदोलन को प्रोत्साहित करने में मदद मिलती है जो अपशिष्ट पदार्थ को हटाने के लिए बहुत आवश्यक है। आइये जानते है पवनमुक्तासन कैसे करे और इसके फायदे क्या है।  पवनमुक्तासन कैसे करें Pawnamuktasana Yoga Steps and benefits in Hindi

पवनमुक्तासन कैसे करें Pawnamuktasana Yoga in Hindi

पवनमुक्तासन रोजाना करने से हमें कोई भी बीमारी नहीं हो सकती है, क्यूंकि अधिकतर बीमारी हमारे पेट से होते है। पेट की हर बीमारी को सही करने के लिए पवनमुक्तासन योग सबसे बेहतर होता है। पेट में गैस, कब्ज की समस्या को तो यह यूँ ही सही कर देता है।  नीचे दिए गए पवनमुक्तासन योग विधि को Step by step ध्यान से पढ़े।

पवनमुक्तासन विधि – Pawanamuktasana Steps

Step 1: समतल जगह पर दरी या चटाई बिछाये और स्वाशन की स्थिति में लेट जाये।

loading...

Step 2: अब धीरे-धीरे सांस ले और अपने एक पैर को मोड़ते हुए घुटने को सीने तक और जांघ से पेट पर लगाए। दूसरा पैर ज़मीन पर सीधा रखे.

Step 3: अब अपने घुटने को गले लगाए और दोनों हाथो से जकड़कर दबाब डाले।

Step 4: अपनी नाक से घुटने को छूने की कोशिश करे। पहली बार ऐसा नहीं कर पाओगे लेकिन नियमित अभ्यास से आप ऐसा कर सकते है।

Step 5: इस स्थिति में २0 से ३० मिनट तक पकडे। आप अपनी छमता के अनुसार १ मिनट तक बढ़ा सकते है।

Step 6: अब धीरे धीरे सांस छोड़े और अपनी प्रारंभिक अवस्था शवासन में आ जाये।

Step 7:  अब आप दूसरे पैर से यह विधि दोबारा करें। आप छाए दोनों पैर एक साथ मोड़कर भी ये आसान कर सकते है।

Step 8: रोजाना 5 से 7 बार इस चक्र का अभ्यास करें।

Ramdev Baba Pawnamuktasana Yoga Video

पवनमुक्तासन के फायदे – Benefits of Pawanmuktasana

1. पवनुमुक्तासन अम्लता अपच और कब्ज का इलाज करता है।

2. सभी पेट के अंगों के को स्वस्थ बनाने के लिए पवनमुत्तसना बहुत अच्छा है।

3. नियमित अभ्यास pavanamuktasana जठरांत्र संबंधी समस्याओं को ठीक करता है

4. गैस की समस्याओं, अम्लता, गठिया दर्द, हृदय की समस्याओं और कमर दर्द से पीड़ित लोगों के लिए सहायक

5. वापस मांसपेशियों को मजबूत करता है और पीठ दर्द का इलाज करता है।

6. पेट को सपाट करता है। वजन को नियंत्रित करता है।

7. पेट को चर्बी को काम करने में मददगार होता है।

8. पेट में हो रहे अनचाहे दर्द को ख़त्म कर देता है।

9. तनाव को नियंत्रित करता है।

10. पवनुमुक्तिसंपादित करें प्रजनन अंग के लिए और मासिक धर्म विकार के लिए बहुत फायदेमंद है।

पवनमुक्तासन में सावधानियां Precautions in Pawanmuktasana

  • जिन व्यक्तियों को कमर दर्द की शिकायत हो उन्हें ये आसान नहीं करना चाहिए। अगर करना चाहते है तो नाक से घुटनो को छूने की जरूरत नहीं है।
  • घुटनो में तकलीफ होने पर इस आसान को नहीं करे।
  • भोजन के तुरंत बाद इस आसान को नहीं करना चाहिए।
  • महिलाओं को मासिक धर्म चक्र के समय या गर्भवती के समय यह योगासन नहीं करना चाहिए।
  • हर्निया, अच्छा रक्तचाप वाले व्यक्तियों को यह आसान नहीं करना चाहिए।
  • पेट पीठ का ऑपरेशन हुआ हो तो आप इस योगासन को कतापी नहीं करे।
loading...

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here